NAMDEV SAHU
छत्तीसगढ़ कोरबा के रविशंकर शुक्ल नगर में भारी मूसलाधार बारिश के बाद गंभीर जलभराव (बाढ़) की स्थिति पैदा हो गई है, जिससे सड़कों ने तालाब का रूप ले लिया है और जनजीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त हो गया है। हाल ही में हुई इस तेज बारिश के दौरान जलभराव के कारण कुछ बच्चे पानी के तेज बहाव की चपेट में आ गए थे, जिन्होंने एक घर की बाउंड्रीवॉल पर चढ़कर बमुश्किल अपनी जान बचाई।
मुख्य घटनाक्रम
रविशंकर शुक्ल नगर में हर साल की तरह इस बार भी ड्रेनेज (जल निकासी) व्यवस्था पूरी तरह फेल हो गई है। सड़कों पर घुटनों से ऊपर तक पानी भर गया है, जिससे राहगीरों और स्कूली बच्चों को आने-जाने में भारी परेशानी हो रही है।
बच्चों का रेस्क्यू
तेज बारिश के चलते नालों और सड़कों पर पानी का बहाव इतना तेज था कि खेलते या गुजरते समय बच्चे इसकी चपेट में आ गए। समय रहते बाउंड्रीवॉल का सहारा लेने से एक बड़ा हादसा टल गया।
प्रशासन के खिलाफ आक्रोश:
स्थानीय निवासियों का आरोप है कि नगर निगम और प्रशासन हर साल पक्के निर्माण और ड्रेनेज सुधार का आश्वासन देते हैं, लेकिन धरातल पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया जाता, जिससे हर मानसून में यही स्थिति दोहराई जाती है।
आसपास के इलाकों का हाल
केवल रवि शुक्ला नगर ही नहीं, बल्कि कोरबा के दादर नाला, पोड़ीबहार, मानिकपुर और डिपरा पारा जैसे इलाकों में भी नाले उफान पर हैं, जिससे कई घरों में पानी घुस गया है और घंटों तक जाम की स्थिति बनी रही।
मौसम विभाग के अनुसार,
आने वाले कुछ दिनों तक क्षेत्र में मानसून सक्रिय रहेगा और लगातार बारिश की संभावना बनी हुई है। ऐसे में प्रशासन ने लोगों को उफनते नदी-नालों और जलभराव वाले रास्तों से दूर रहने की चेतावनी दी है।
