अर्जुनी वन परिक्षेत्र के ग्राम बरेली और सुकली से लंबे समय से अवैध कटान और लकड़ी तस्करी की शिकायतें मिल रही थीं। विभाग ने इसे गंभीरता से लेते हुए अपना मुखबिर तंत्र सक्रिय किया था। जैसे ही पुख्ता सूचना मिली, टीम ने बिना समय गंवाए दोनों गांवों में एक साथ दबिश दी।
कार्रवाई की मुख्य बातें
सघन तलाशी: संदिग्ध ठिकानों पर छापेमारी कर अवैध सागौन के चिरान (कटी हुई लकड़ी) और उससे तैयार किए जा रहे फर्नीचर को जब्त किया गया।
जांच जारी: ग्राम सुकली में भी गहन तलाशी अभियान चलाया गया है। विभाग अब उन कड़ियों को जोड़ रहा है जो इस अवैध व्यापार के मुख्य सिंडिकेट से जुड़ी हैं।
टीम वर्क: इस पूरी कार्रवाई को परिक्षेत्र अधिकारी गुलशन साहू के साथ डब्बू साहू, सुश्री मीनाक्षी साहू, सुश्री रुपेश्वरी दीवान और वन अमले ने स्थानीय ग्रामीणों के सहयोग से अंजाम दिया।
अधिकारी का संदेश: वन विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि वनों की अवैध कटाई और तस्करी करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। आगामी दिनों में अन्य संदिग्ध क्षेत्रों में भी ऐसी कार्रवाइयां जारी रहेंगी।
