NAMDEV SAHU
महासमुंद पुलिस ने नाबालिग लड़की से जुड़े मामले की जांच के दौरान सामने आए कथित मानव तस्करी और बंधुआ मजदूरी नेटवर्क के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस के अनुसार छत्तीसगढ़, ओडिशा और दूसरे राज्यों तक जुड़े इस नेटवर्क के 10 ठिकानों पर एक साथ दबिश दी गई, जिसमें 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
पुलिस ने कार्रवाई के दौरान ₹1 करोड़ 48 लाख 54 हजार 750 रुपये नकद बरामद करने का दावा किया है। इसके अलावा मजदूरों से संबंधित रजिस्टर-डायरी, मोबाइल फोन,बैंक पासबुक, चेकबुक, एटीएम कार्ड, संपत्ति संबंधी दस्तावेज और नोट गिनने की मशीन भी जब्त की गई है।
पुलिस के मुताबिक,जांच में मजदूरों को दूसरे राज्यों के ईंट-भट्ठों में भेजने और कथित कर्ज के दबाव में काम कराने से जुड़े तथ्य सामने आए हैं। एक मामले में परिवार को ₹40 हजार एडवांस देकर उत्तर प्रदेश के बाराबंकी स्थित ईंट-भट्ठे में भेजे जाने की बात भी जांच में सामने आई है।
मामले में पुलिस ने मुकेश चंद्राकर, नसीम बानो उर्फ लता सबर, जगत गुप्ता उर्फ मनीष गुप्ता, नंदकुमार मोहंती उर्फ नंदू और पीयूष अग्रवाल उर्फ फुन्नू सेठ को गिरफ्तार किया है
पुलिस अब आरोपियों के मोबाइल,कॉल डिटेल, बैंक खातों और दस्तावेजों की जांच कर कथित नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और लेन-देन की जानकारी जुटा रही है। मामले में खल्लारी थाने में अपराध क्रमांक 104/2026 दर्ज किया गया है। गिरफ्तार आरोपियों को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
पुलिस ने कार्रवाई में इन पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है
1.मुकेश चंद्राकर,निवासी बेलटुकरी,जिला नुआपाड़ा,ओडिशा।
2.नसीम बानो उर्फ लता सबर,निवासी खरियार रोड क्षेत्र,जिला नुआपाड़ा, ओडिशा।
3.जगत गुप्ता उर्फ मनीष गुप्ता,निवासी पटपरपाली-बाम्हनडीह,थाना कोमाखान, महासमुंद।
4.नंदकुमार मोहंती उर्फ नंदू,निवासी बारचौक,थाना पिथौरा,महासमुंद।
5.पीयूष अग्रवाल उर्फ फुन्नू सेठ,निवासी लहरौद,थाना पिथौरा,महासमुंद।
नोट: यह खबर महासमुंद पुलिस की 25 सितंबर 2026 की प्रेस विज्ञप्ति में बताए गए तथ्यों और आरोपों पर आधारित है। आरोपों की अंतिम पुष्टि न्यायालयीन प्रक्रिया के बाद होगी।


